अंधी दौड़
ख़बर; राष्ट्रपति सुपुर्द ए ख़ाक । आत्म चर्चा ; कितनी शक्ति और धन संपदा अर्जित करूंँ ? कि ख़ाक से बच जाऊँ ! ज़ाहिर सी बात है, उत्तर नहीं होगा। फिर ये अंधी दौड़ क्यूँ...?
सर्वश्रेष्ठ वहाँ है, जहाँ बंधन नहीं! जहाँ बंधन नहीं, वहाँ कविता है।